केदारनाथ
- पैदल
- 4 दिन
- सबसे ऊँचा बिंदु
- 3,583 मी
- मौसम
- मई–जून, सित–अक्टू
- अप्रै–मई कपाट खुलते हैं (तिथि महाशिवरात्रि पर ऊखीमठ में घोषित)
- अक्टू–नव भाई दूज पर सर्दियों के लिए कपाट बंद
जाने से पहले जानें
- चार धाम यात्रा का पंजीकरण अनिवार्य और निःशुल्क है; उत्तराखंड पर्यटन विभाग के पंजीकरण पोर्टल पर ऑनलाइन या टूरिस्ट केयर उत्तराखंड ऐप से (या हरिद्वार, ऋषिकेश, गुप्तकाशी और सोनप्रयाग के काउंटरों पर) पंजीकरण कराएँ, और पंजीकरण व फ़ोटो वाला सरकारी पहचान पत्र साथ रखें।
- मंदिर प्रवेश: 10 मार्च 2026 को बद्री-केदार मंदिर समिति (BKTC) ने प्रस्ताव पारित किया कि उसके प्रबंधन वाले 47 मंदिरों, जिनमें श्री केदारनाथ धाम भी है, के गर्भगृह और परिसर में केवल सनातन धर्म के अनुयायी ही प्रवेश कर सकेंगे (ऑर्गनाइज़र और कर्ली टेल्स की ख़बरों के अनुसार)। इन ख़बरों में गौरीकुंड-केदारनाथ पैदल मार्ग पर किसी रोक का ज़िक्र नहीं है; यात्रा से पहले BKTC से मौजूदा नियम पक्का कर लें।






