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वासुकी ताल ट्रेक

उत्तरकाशी, उत्तराखंड

बहुत कठिन9 दिनसबसे अच्छा: मई–जून, सित–अक्टूबर्फ़ीला ट्रेक

चतुरंगी ग्लेशियर के धूसर मोरेन और बर्फ़ के नीचे, उथली वासुकी ताल झील के किनारे ट्रेकर्स के टेंट4,880 मीसबसे ऊँचा बिंदु3 तस्वीरें
सबसे ऊँचा बिंदु
4,880 मी
दिन
9 दिन
दूरी
64 किमी
कठिनाई
बहुत कठिन

सबसे अच्छे महीने मई–जून, सित–अक्टू

  1. जनबंद
  2. फ़रबंद
  3. मार्चबंद
  4. अप्रै
  5. मईसबसे अच्छा
  6. जूनसबसे अच्छा
  7. जुला
  8. अग
  9. सितसबसे अच्छा
  10. अक्टूसबसे अच्छा
  11. नव
  12. दिसबंद

यह गौमुख-तपोवन से आगे जाता है: मोरेन से ढके गंगोत्री ग्लेशियर को पार करके नंदनवन, फिर चतुरंगी ग्लेशियर के किनारे-किनारे ऊबड़-खाबड़ पैदल रास्ता लगभग 4,880 मी पर स्थित झील तक; रास्ते में कोई सुविधा नहीं, और कई रातें 4,300 मी से ऊपर।

तस्वीरें

रास्ते की झलक

चतुरंगी ग्लेशियर के धूसर मोरेन और बर्फ़ के नीचे, उथली वासुकी ताल झील के किनारे ट्रेकर्स के टेंट
चतुरंगी ग्लेशियर के धूसर मोरेन और बर्फ़ के नीचे, उथली वासुकी ताल झील के किनारे ट्रेकर्स के टेंटफ़ोटो: Atudu · CC BY-SA 4.0

1 / 3

रास्ता

दिन-ब-दिन

  1. दिन 1

    देहरादून → गंगोत्री

    सड़क से · 9 घंटे · गेस्टहाउस

    640 मी → 3,100 मी

  2. दिन 2

    गंगोत्री → गंगोत्री

    सड़क से · 2 घंटे · गेस्टहाउस

    3,100 मी → 3,100 मी

  3. दिन 3

    गंगोत्री → भोजबासा

    14 किमी · 7 घंटे · कैंप

    3,100 मी → 3,790 मी

  4. दिन 4

    भोजबासा → तपोवन

    8 किमी · 6 घंटे · कैंप

    3,790 मी → 4,460 मी

  5. दिन 5

    तपोवन → नंदनवन

    6 किमी · 5 घंटे · कैंप

    4,460 मी → 4,340 मी

  6. दिन 6 · सबसे ऊँचा बिंदु

    नंदनवन → नंदनवन

    12 किमी · 6 घंटे · कैंप

    4,340 मी → 4,880 मी → 4,340 मी

  7. दिन 7

    नंदनवन → भोजबासा

    10 किमी · 6 घंटे · कैंप

    4,340 मी → 3,790 मी

  8. दिन 8

    भोजबासा → गंगोत्री

    14 किमी · 5 घंटे · गेस्टहाउस

    3,790 मी → 3,100 मी

  9. दिन 9

    गंगोत्री → देहरादून

    सड़क से · 9 घंटे · रात नहीं रुकना

    3,100 मी → 640 मी

चढ़ाई और उतराई

ऊँचाई का ग्राफ़

2,5003,5004,5005,500गंगोत्री: 3,100 मी, 0 किमीभोजबासा: 3,790 मी, 14 किमीतपोवन: 4,460 मी, 22 किमीनंदनवन: 4,340 मी, 28 किमीदिन 6 का सबसे ऊँचा बिंदु: 4,880 मी, 34 किमीनंदनवन: 4,340 मी, 40 किमीभोजबासा: 3,790 मी, 50 किमीगंगोत्री: 3,100 मी, 64 किमी
समुद्र तल से ऊँचाई (मीटर) · दूरी 64 किमी

कहाँ है

नक्शा

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सिर्फ़ शुरुआत और सबसे ऊँची जगह के निशान — पूरा रास्ता नहीं। इसे किसी अच्छे नक़्शे के साथ ही इस्तेमाल करें।

मौसम

रास्ते पर अगले 5 दिन का मौसम

ट्रेक शुरू होने की जगह और सबसे ऊँची जगह का ताज़ा पूर्वानुमान। पहाड़ में मौसम जल्दी बदलता है — निकलने वाले दिन सुबह फिर से देखें।

हर दिन: अधिकतम / न्यूनतम °C · बारिश मिमी और संभावना · बर्फ़ सेमी · हवा किमी/घंटा

मौसम का डेटा: ओपन-मीटियोयह कंप्यूटर मॉडल का अनुमान है, सरकारी चेतावनी नहीं। चेतावनी के लिए मौसम विभाग (IMD) और स्थानीय प्रशासन की सूचना मानें।

यात्रा की तैयारी

कैसे पहुँचें

ट्रेलहेड
गंगोत्री
नज़दीकी रेलवे स्टेशन
देहरादून या ऋषिकेश
नज़दीकी हवाई अड्डा
जॉली ग्रांट हवाई अड्डा, देहरादून
सड़क से
देहरादून; ऋषिकेश; उत्तरकाशी
गाड़ी से
देहरादून से लगभग 9 घंटे

यात्रा की तैयारी

परमिट और शुल्क

हम किसी सरकारी स्रोत से मौजूदा परमिट नियम और शुल्क पक्का नहीं कर पाए। जाने से पहले स्थानीय वन विभाग या पर्यटन कार्यालय से पूछ लें।

यात्रा की तैयारी

ख़र्च

ख़ुद से

₹18,000–30,000

ऑपरेटर के साथ

₹31,400–90,000

गाइडेड: बिकट एडवेंचर्स ₹29,900 + 5% जीएसटी गंगोत्री से (देहरादून का सफ़र अलग से); व्हाइट मैजिक एडवेंचर ₹86,900 देहरादून से; हिमालयन हाई की प्राइवेट ट्रिप ₹73,000 से शुरू। ख़ुद से जाने का ख़र्च गंगोत्री से एक अनुमान है: सितंबर 2024 से लाइसेंस वाला गाइड, बीमा और मेडिकल सर्टिफ़िकेट अनिवार्य हैं, इसलिए इसमें स्थानीय गाइड/पोर्टर रखना, टेंट और स्टोव किराये पर लेना, छह रातों का खाना और उद्यान का शुल्क शामिल है।

सामान

इस ट्रेक के लिए सबसे ज़रूरी सामान

इस रास्ते पर सबसे ज़्यादा काम आने वाला सामान, इसकी ऊँचाई, मौसम और ख़तरों के हिसाब से चुना गया।

सामान की पूरी सूची देखें

दुकान वाले बटन उस दुकान पर खोज खोलते हैं, हमारा चुना हुआ कोई सामान नहीं। अमेज़न एसोसिएट के रूप में हम योग्य ख़रीदारियों से कमाई करते हैं। फ़ोटो सिर्फ़ सामान का प्रकार दिखाती हैं, कोई ख़ास प्रोडक्ट नहीं। एफ़िलिएट जानकारी

सामान की सूची

इस ट्रेक के हिसाब से: ऊँचाई, मौसम, दिन और रास्ते के ख़तरे।

36 में से 0 रख लिए

4,880 मी के आसपास गर्मी में भी रात को पारा शून्य के पास जा सकता है। जितना सोचते हैं, उससे एक गर्म कपड़ा ज़्यादा रखें।

बैग में रखते ही हर चीज़ पर निशान लगाएँ।

क्या पहनें
बैग और सामान
सोने का सामान

कई ट्रेक आयोजक टेंट और स्लीपिंग बैग देते हैं। ख़रीदने से पहले पूछ लें।

सुरक्षा
पानी और खाना
काग़ज़ात और पैसे

आपके निशान सिर्फ़ इसी फ़ोन या कंप्यूटर पर सहेजे जाते हैं।

ख़रीदें वाले बटन उस दुकान पर खोज खोलते हैं, हमारा चुना हुआ कोई सामान नहीं। कुछ एफ़िलिएट लिंक हैं: इनसे हमें थोड़ा कमीशन मिल सकता है, आपको कोई अतिरिक्त ख़र्च नहीं। अमेज़न एसोसिएट के रूप में हम योग्य ख़रीदारियों से कमाई करते हैं। फ़ोटो सिर्फ़ सामान का प्रकार दिखाती हैं, कोई ख़ास प्रोडक्ट नहीं। एफ़िलिएट जानकारी

जाने से पहले जानें

काम की बातें

मोबाइल नेटवर्क
गंगोत्री में जियो, एयरटेल और बीएसएनएल चलते हैं; गंगोत्री के आगे कहीं भी सिग्नल नहीं है।
आख़िरी एटीएम
गंगोत्री में एक एटीएम है, पर उस पर भरोसा नहीं किया जा सकता; नक़द उत्तरकाशी या देहरादून में ही निकाल लें।
नज़दीकी अस्पताल
ज़िला अस्पताल, उत्तरकाशी (गंगोत्री से सड़क से लगभग 100 किमी)
पानी
भोजबासा, तपोवन और नंदनवन में ग्लेशियर की धाराएँ, और वासुकी ताल की झील; पानी में गाद होती है, इसलिए उसे छानकर या उबालकर पिएँ।

ख़ास बातें

  • चतुरंगी ग्लेशियर के ऊपर, वासुकी और सतोपंथ चोटियों के नीचे लगभग 4,880 मी पर ग्लेशियर से बनी झील
  • गौमुख, गंगोत्री ग्लेशियर का मुहाना और भागीरथी का उद्गम
  • शिवलिंग पर्वत के चरणों में तपोवन बुग्याल, और भागीरथी चोटियों व केदार डोम के सामने नंदनवन
  • तपोवन और नंदनवन के बीच मोरेन से ढके गंगोत्री ग्लेशियर को पार करना

जोखिम

  • ऊँचाई की बीमारी (AMS): कई रातें 4,300 मी से ऊपर और सबसे ऊँचा बिंदु लगभग 4,880 मी; गंगोत्री में एक दिन का अनुकूलन ज़रूरी है।
  • तपोवन, नंदनवन और वासुकी ताल के बीच बिना निशान वाले ग्लेशियर और मोरेन पार करने पड़ते हैं, जहाँ पत्थर गिरते हैं और बड़े पत्थर खिसकते रहते हैं।
  • मानसून (जुलाई-अगस्त) में भूस्खलन, फिसलन भरे रास्ते और सड़क बंद होना आम है; ख़राब मौसम में परमिट नहीं दिए जाते।
  • मौसम की शुरुआत या आख़िर में बर्फ़बारी से वासुकी ताल के कैंप फँस सकते हैं; गौमुख की ओर बर्फ़ अप्रैल के आख़िर या मई तक टिकी रहती है।
  • गौमुख के रास्ते पर रोज़ सिर्फ़ 150 ट्रेकर्स को जाने दिया जाता है, इसलिए भीड़ वाले हफ़्तों में परमिट ख़त्म हो सकते हैं।

जाने से पहले जानें

सवाल-जवाब

वासुकी ताल ट्रेक, गौमुख तपोवन ट्रेक से कैसे अलग है?

दोनों गंगोत्री से शुरू होते हैं और भोजबासा, गौमुख और तपोवन से गुज़रते हैं। वासुकी ताल इससे आगे जाता है: आप गंगोत्री ग्लेशियर पार करके नंदनवन पहुँचते हैं और चतुरंगी ग्लेशियर के किनारे-किनारे लगभग 4,880 मी पर स्थित झील तक चलते हैं, जिससे दो से तीन दिन और लगभग 25 किमी बढ़ जाते हैं और यह ट्रेक ज़्यादा कठिन हो जाता है।

वासुकी ताल के लिए कौन-से परमिट चाहिए?

गंगोत्री राष्ट्रीय उद्यान का प्रवेश परमिट, जो गंगोत्री के वन कार्यालय से या उत्तरकाशी की सिंगल-विंडो व्यवस्था से ऑनलाइन मिलता है। सितंबर 2024 से लाइसेंस वाला गाइड, ट्रेक बीमा और मेडिकल सर्टिफ़िकेट अनिवार्य हैं। हम मौजूदा आधिकारिक शुल्क पक्का नहीं कर पाए, इसलिए गंगोत्री के वन कार्यालय में पता कर लें।

वासुकी ताल ट्रेक का सबसे अच्छा समय कब है?

मई-जून और सितंबर-अक्टूबर। राष्ट्रीय उद्यान 30 नवंबर से 31 मार्च तक बंद रहता है, गौमुख की ओर का रास्ता अप्रैल के आख़िर तक बर्फ़ से बंद रह सकता है, और जुलाई-अगस्त में मानसून के भूस्खलन होते हैं।

वासुकी ताल ट्रेक कितना लंबा और कितना कठिन है?

देहरादून से 9-10 दिनों में लगभग 63-65 किमी पैदल, जिसमें गंगोत्री में एक दिन का अनुकूलन शामिल है। ऊँचाई और ग्लेशियर पार करने की वजह से ऑपरेटर इसे कठिन बताते हैं; पहले ऊँचाई वाले ट्रेक का अनुभव होना अच्छा है।

क्या वासुकी ताल ट्रेक पर मोबाइल नेटवर्क मिलता है?

नेटवर्क सिर्फ़ गंगोत्री में चलता है। भोजबासा से आगे सिग्नल नहीं है, और फ़ोन चार्ज करने की आख़िरी जगह भी गंगोत्री ही है।

इस ट्रेक के लिए आपकी 8 हफ़्ते की योजनाबहुत कठिन ग्रेड। यात्रा से लगभग 12 हफ़्ते पहले शुरू करें।
SOS

आपात स्थिति में

नेटवर्क जाने से पहले ये नंबर सेव कर लें। कॉल करने के लिए दबाएँ।

आप यहाँ हैं

ज़िला: उत्तरकाशीउत्तराखंड

सबसे नज़दीकी अस्पताल
ज़िला अस्पताल, उत्तरकाशी (गंगोत्री से सड़क से लगभग 100 किमी)
आख़िरी एटीएम
गंगोत्री में एक एटीएम है, पर उस पर भरोसा नहीं किया जा सकता; नक़द उत्तरकाशी या देहरादून में ही निकाल लें।
फ़ोन नेटवर्क
गंगोत्री में जियो, एयरटेल और बीएसएनएल चलते हैं; गंगोत्री के आगे कहीं भी सिग्नल नहीं है।

निकलने से पहले

  1. किसी को अपना रास्ता और लौटने का समय बताकर जाएँ।
  2. फ़ोन पूरा चार्ज रखें और पावर बैंक साथ लें।
  3. रास्ते का ऑफ़लाइन नक्शा डाउनलोड कर लें।
  4. मौसम बिगड़े तो लौट आएँ — पहाड़ कहीं नहीं जाएगा।
समुदाय · जल्द खुल रहा है

वासुकी ताल के बारे में सवाल

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समुदाय · जल्द खुल रहा है

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जानकारी कहाँ से ली गई

स्रोत

आख़िरी जाँच:

  1. Vasuki Tal Trek — Bikat Adventures
  2. Nandanvan Vasuki Tal Trek — Himalayan Dream Treks
  3. Tapovan - Nandanvan - Vasuki Taal Trek | Customized Private Trek — Himalayan High
  4. Nandanvan Vasukital Trek — White Magic Adventure
  5. Gangotri National Park Reopens For Trek: Date, Permits, And What Travellers Need To Know — Outlook Traveller
  6. Gangotri National Park — Incredible India (Ministry of Tourism) (सरकारी)
  7. How to Get Gaumukh Permit — Himalayan Dream Treks
  8. Gaumukh: a trekker's paradise — ETV Bharat

फ़ोटो: Atudu, CC BY-SA 4.0; Atudu, CC BY-SA 4.0; schwiki, CC BY-SA 4.0

और ट्रेक

आस-पास के ट्रेक

चीड़ से ढकी चट्टानों के नीचे भागीरथी के किनारे बसा गंगोत्री कस्बा और मंदिर, जहाँ से ट्रेक शुरू होता है5,490 मी

उत्तराखंड

ऑडेन्स कॉल

बहुत कठिन15 दिनमई–जून, सित–अक्टू

  1. जनवरीबंद
  2. फ़रवरीबंद
  3. मार्चबंद
  4. अप्रैल
  5. मईसबसे अच्छा
  6. जूनसबसे अच्छा
  7. जुलाई
  8. अगस्त
  9. सितंबरसबसे अच्छा
  10. अक्टूबरसबसे अच्छा
  11. नवंबर
  12. दिसंबरबंद
सूर्योदय के समय कालिंदी खाल पर बर्फ़ में गड़ी दो आइस एक्स, क्षितिज पर पूर्व की ओर बर्फ़ीली चोटियाँ5,947 मी

उत्तराखंड

कालिंदी खाल

बहुत कठिन15 दिनमई–जून, सित–अक्टू

  1. जनवरीबंद
  2. फ़रवरीबंद
  3. मार्चबंद
  4. अप्रैल
  5. मईसबसे अच्छा, बर्फ़
  6. जूनसबसे अच्छा, बर्फ़
  7. जुलाई
  8. अगस्त
  9. सितंबरसबसे अच्छा
  10. अक्टूबरसबसे अच्छा, बर्फ़
  11. नवंबर
  12. दिसंबरबंद
गहरे नीले आसमान के नीचे, बर्फ़ से ढकी थलय सागर की पिरामिड जैसी चोटी के नीचे पथरीले किनारे वाली केदारताल झील4,750 मी

उत्तराखंड

केदारताल

कठिन7 दिनमई–जून, सित–अक्टू

  1. जनवरीबंद
  2. फ़रवरीबंद
  3. मार्चबंद
  4. अप्रैल
  5. मईसबसे अच्छा
  6. जूनसबसे अच्छा
  7. जुलाई
  8. अगस्त
  9. सितंबरसबसे अच्छा
  10. अक्टूबरसबसे अच्छा
  11. नवंबर
  12. दिसंबरबंद
गौमुख पर गंगोत्री ग्लेशियर के मुहाने की धूसर बर्फ़ीली दीवार, पत्थरों के ऊपर से तेज़ बहती भागीरथी नदी और पीछे बर्फ़ से ढकी भागीरथी चोटियाँ4,460 मी

उत्तराखंड

गौमुख तपोवन

कठिन7 दिनमई–जून, सित–अक्टू

  1. जनवरीबंद
  2. फ़रवरीबंद
  3. मार्चबंद
  4. अप्रैल
  5. मईसबसे अच्छा
  6. जूनसबसे अच्छा
  7. जुलाईबंद
  8. अगस्तबंद
  9. सितंबरसबसे अच्छा
  10. अक्टूबरसबसे अच्छा
  11. नवंबर
  12. दिसंबरबंद